प्रिय राष्ट्रपति पुतिन,

सच्चाई पर आधारित विश्व समुदाय का सदस्य के नाते हम सिरिया, उनके लोकतांत्रिक ढंग से नियमित नेता राष्ट्रपति बशर अल-असद, अमेरिका समर्दित विश्वा आतंकवादी के खिलाफ उनकी लड़ाई केलिये रूस की मानविय और सैन्य सहायता करने केलिये हम आप का प्रशम्श और समर्धन करते है.

२०१३ मे जिस तरह सिरिया पर पश्चिमी सैन्य के हस्तक्षेप को रोकने केलिए रूस की निर्णायक भूमिका हुवा है, उसी तरह . आतंकवादियो के खिलाफ हुवा हवाई हमले अक महत्वपूर्णा समय1 मे आया है. आपकी विवेकता पूर्ण एमांदारी काम केलिए सीरिया, रूस और प्रपंच के सद्सद्विवेक लोगों का समरधन आपको है.

पश्चिमी नेताओं ने २०११ साल से सीरिया को एक विफल राष्ट्र को बनाने के लिए निर्धारित कार्य मे लगा हुवा है. सीरिया के लोगों और उसके क़ानूनी सरकार.2 को भयबीत करने विदेशी आतंकवादियों को पस्चिमि नीता ने धन, हथियार और सिक्षण दे रहे है.

सीरिया के अधिकांश लोग प्रेसीडेंट असद को समर्धन करते है. ये आतंकवादी और धार्मिक कट्टरपंथियों, सीरिया के लोगों का इच्छा का प्रतिनिधित्व नही है. संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद मे जैसा कि आपने कहा सिर्फ़ सीरिया की जनता अपनेलिये अपने नेता को निर्धारित कर सकता है.
जब २०११ मे पस्चिमि देशो ने सीरिया पर सैनिक अभियान के सोच मे है, आप ने शांतिपूरक, राजनैतिक समाधान निकाला है. समझदार दुनिया मे अन्तरास्त्रिय समश्यो को सुलझाने की ये अक स्वाभाविक प्रतिक्रिया होता है और रूस अकेले खड़ा नहीं होता. दुर्भाग्य से पस्चिमि देशो ने ज़बरदस्ती से हिंसा समर्थन कर के सॉवरेन देशो के आंतरंगिक मामलो मे क़ानूनी विरोधी हस्तक्षेप करने का नीति अपना रहा है.

जबकि पस्चिमि देशो ने अस्थिरता, युद्ध और अराजकता को प्रेरना करने पर भी, रूस ने संवाद, सहयोग, अंतरराष्ट्रीय कानून और व्यवस्था के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दुहराया है. सीरिया संकट के ऊपर आपकी प्रतिक्रिया यही प्रतिबद्धता को धिका रहा है.

आप की तरह, राष्ट्रपति असद भी एक बुद्धि, साहस और दया-भाव आदमी साबित हो गया है. जिस तरह ज्यादातर सार्वजनिक व्यक्तियो को लगातार बदनाम किया गया है उसी तरह पश्चिमी देशों की सरकारों और मीडिया असद को लगातार बदनाम किया जा रहा है. मई 2012 मे हुवा हूला हत्याकाण्ड मे ४९ बाकचो के साथ १०८ सिरिया के लोग मारा गया. पहले सिरिया के सेना को इस क्रूरता केलिए दोषी टाहारेया गया है, बाद मे मालूम पड़ा है कि अमेरिकी समर्धित फ्री .सिरियन आर्मी (FSA) यह हत्याकांड ज़िम्मेदार है और जोशहीदी जनता सिरिया को समर्धन करने वाला है.3. इसी साल मे कुछ समय के बाद FSA अपाहरित नागरिक़ो और सेना को हत्या करना देखा गया है.4

इसी समुदाय को ‘उदारवादी विपक्ष’ कहके पस्चिमि सरकार की अधिकारियो ने असद के खिलाफ अतिक्रमण का समरधन दे रहा है. आतंकवादियो पर हवाई हमला करने रूस के उपर आरोप लागा रहा है. ये तय्यो से स्पस्ट रूप से मालूम होता है कि अमेरिकी सरकार और उसके सहयोगी दलों, अमेरिकी वैश्विक आधिपत्य सुरक्षित करने के लिए आतंक पर मादाई बजाई उनको समरधन कर रहा है. यह काम संयुक्त राष्ट्र के समर्थन और हमला हुवा सरकारों के समर्थन के बिना कर रहा है.

जॉन एफ कैनेडी ने संयुक्त राष्ट्र के दूसरे महासचिव डैग हमर्स्कोलड को अपने जमाना की सबसे बड़ी राजनेता माना जाता था. डैग संयुक्त राष्ट्र और दुनिया की समस्याओं का जानकारी है. 1958 में उन्होंने लिखा है:

“आदमी और मन की स्वतंत्रता, मानव मर्यादा, व्यक्ति के अधिकार के उपर अलग अलग दृष्टिकोण है. ये विचारो के बीच संघर्ष निरंतर है. विभाजन रेखा हमारे, जनता के और देशो के मन के भीतर है. ये विभाजन रेखा राजनीतिक या भौगोलिक सीमाओं से उपर है. अंतिम लड़ाई मानव और अवमानवीय गुनो के बेच मे है. सच्चाई, स्वतंत्रता, और मानव गरिमा पर, किसी व्यक्ति, राष्ट्र या विचारधारा को एकाधिकार मानते तो हम खतरनाक जमीन पर हैं”.5

हम खतरनाक स्थिति मे है. सच्चाई, स्वतंत्रता, और मानव गौरव के नाम पर संयुक्त राज्य अमेरिका की स्वयं एकाधिकार दुनिया मे भारी पैमाने पर जलत, उत्पीड़न और पीड़ा को प्रेरित किया है. लीबिया और सीरिया में प्रदर्शित पश्चिमी देशो का मानसिकता सच्ची तरह से अवमानवीय6 और मनोरोगी7 का है.

स्वाभाविक रूप से, यूक्रेन और सीरिया में अमेरिका की नीति के परिणामों में अवमानवीय कार्य दिखाई देता है. यूक्रेन में, नव नाजियों जो संसद के सदस्य है, कीव सरकार की मंजूरी के साथ, डॅनबस के पुरुषों, महिलाओं और बच्चों के खिलाफ बटालियन बना के अनेक अत्याचार और हत्या किया है. सीरिया में, विनाश और आतंकवाद के समर्थन के पश्चिम देशों की नीति ISIL और उनकी तरह की आतंकवादी संगठन को आयोजित किया है. पस्चिमि नेता ये आतंकवादी कृत्यों को सार्वजनिक रूप से निंदा करता है, लेकिन निजी तौर पर समर्थन कर रहे हैं.9. मानवता के लिए ये अच्छा दिशा नही है. हम यह दृष्टि को नही चाहते है.

जब तक दुनिया के नेताओं ने मनोवीकारी राजनेता की इक्चा को झुक थे हो, मानवता अक शांतिपूर्वक सामाज को नही बन सकता है.10. हमारा प्रर्धना है कि अधिक लोग आप की तरह, शाशन को सच्चाई दिखाके, उनकी प्रतिबद्धता पर अभिनय करके, अज्ञान और भय के नियंत्रण का बाहर आ सके. हम ऐसा करके जिस तरह के सच्ची एक बहुध्रुवीय दुनिया बनाने मे मदद करे, उस मे मनोवीकारी कट्टरपंथियों, विषाक्त राजनीतिक संरचनाओं और उनकी के विनाशकारी प्रभाव से विमुक्त हो.

आपका विश्वासू,

  • Garth Abrahams - South Africa
  • Marcus Mariani - Australia
  • Aura Tussofi - Indonesia
  • Вадим Алаев - Israel
  • Joseph Haule - Tanzania
  • Marcel Wezenberg - Netherlands
  • Kelly Gilliam - United States
  • Kelly Gilliam - United States
  • KEVIN ROSS LIKINS - United States
  • erik meijer - Netherlands
  • Елена Е. - Russia
  • Helmut Christian Lang - Germany
  • Роман Корягин - Ukraine
  • Claudia Klenner - Germany
  • Hilmar Madsen - Norway
  • Sascha Van Benthum - Germany
  • Matthias Reckzeh - Germany
  • Juliet Bonnay - New Zealand
  • Michel Zöller - Germany
  • Daniel Seibel - Germany
  • Daniel Aydin - Germany
  • Branko Pavic - Germany
  • Анатолий Сандимиров - Russia
  • Pet Andemore - Sweden
  • Wolfgang Prominski - Germany
So far 96,331 people have signed the letter.

 

You can sign the letter!

Sources:

  1. Russia establishes ‘no fly’ zone for NATO planes over Syria, moves to destroy “ISIS” – Pentagon freaks out

  2. The Syrian Diary documentary: Who is responsible for turning a paradise into hell?

  3. Houla massacre carried out by Free Syrian Army, according to Frankfurter Allgemeine Zeitung

  4. The Houla Massacre Revisited: “Official Truth” in the Dirty War on Syria

  5. “The Walls of Distrust”, Address at Cambridge University, June 5, 1958

  6. NATO Slaughter: James and Joanne Moriarty expose the truth about what happened in Libya

  7. Political Ponerology website

  8. Global Pathocracy, Authoritarian Followers and the Hope of the World

  9. Pentagon report predicted West’s support for Islamist rebels would create ISIS

  10. The Authoritarians Website

 

प्रिय राष्ट्रपति पुतिन,

हमारी सरकारों और मीडिया के व्यवहार के लिए हमारे माफी स्वीकार करें. संयुक्त राज्य अमेरिका और पश्चिमी देशों के नेतृत्व रूस के साथ एक युद्ध शुरू करने के लिए निर्धारित लग रहे हैं. एक समझदार व्यक्ति को इस तरह के युद्ध का भयानक परिणामों के  बारे  मे पहचान होती है और इसे से बचने के लिए अपनी सत्ता में सब कुछ करना होगा. वास्तव में आप यही कर रहे हैं.  निरंतर  झूठ और उकसाव की बावजूद, आप ने रूस को अक परमाणु युध मे खीचने की प्रयत्न को टुकराया है.1, 2

सबूत के बिना, यूक्रेन में हुयि युद्ध घटनाओं के ऊपर आप को हमलावर के रूप में धिखाने की प्रयत्न किया गया हैं. हर दिन, यूक्रेन की नियो नाज़ी दल नोवरूस के नागरिक़ो की ऊपर अमाणविक अत्याचार कर रहा हैं. इस के लिए उसको पस्चिमि देसों का नेत्रुत्व से राजनैतिक और दैनिक आधार मिल रहा हैं. यूक्रेन सेना रूसी चौकियों और देश से पलायन करने का प्रयास करने वाला यूक्रेन नागरिक़ो के ऊपर नियमित रूप से हमला किया है. मलेशियन एयरलाइंस की उड़ान MH17 के विनाश के लिए रूस को दोषी ठहराया गया था. परंतु, सबूत से पता चलता है कि, यूक्रेनी वायु सेना ने मार गिराया गया था. आप ने लुहन्स्क के लोगों को मानवीय सहायता प्रदान किया हैं और आप के ऊपर यूक्रेन को हथियारों तस्करी करने का आरोप लगाया गया हैं.3

इस तरह का झूठ और उकसाओ का लक्ष्य आप के ऊपेर क्यो है?. पासचमी मनोवीकारी अपराधियों ने रूस के साथ युद्ध के लिए प्रेरित कर रहे हैं. क्यों कि उसको एक बाहरी दुश्मण की जरूरत है. जब तक लोग “रूसी आक्रमण” पर ध्यान केंद्रित करते हैं, तब तक उसको अमेरिकी अर्थव्यवस्था और सामाजिक व्यवस्था के पतन के वास्तव जिम्मेदार वाले के बारे मे पता नही चलेगा. यूरोपीय नेताओं ने उस के क्रूर युद्ध इतिहास के वजह से अहंकारी और लालची बन गयी. इस वजह से यूरोपीय नेताओं का पूरा नैतिक पतन हुवा और उस के अनुभवहीनता से अमेरिकी अतिक्रमण से राज़ी किया है. संयुक्त राज्य अमेरिका की अंतिम महान राष्ट्रपति जॉन एफ कैनेडी के 1961 भाषण में हमारे दुश्मन को इस तरह वर्णित किया है:

एक अखंड और क्रूर साजिश दुनिया भर में हम को विरोध कर रहा हैं. ये साजिश, अपने क्षेत्र के विस्तार के लिए गुप्त साधानो पर निर्भर करता है. ये साजिश, आक्रमण की बजाय घुसपैठ पर, चुनाव की बजाय तोड़फोड़ पर, स्वतंत्र चुनाव की बजाय धमकी पर, दिन मे सेनाओं की बजाय रात मे छापामारों पर निर्भर करके अपनी शक्ति को विस्तार करती है.

ये प्रणाली विशाल मानव और भौतिक संसाधनों को मजबूरी से संघटित करके एक  बुनना समूह की अत्यधिक कुशल यंत्र बनाया. इस मे सैन्य, कूटनीतिक, बुद्धि, आर्थिक, वैज्ञानिक और राजनीतिक संचालन शामिल है. उन की तैयारी प्रकाशित नहीं छुपा होता हैं, इसके गलतियों शीर्षक नहीं दफन होता हैं, असंतुष्टों को प्रशंसा नहीं मिलता खामोश करता है, खर्च पर सवाल उठाया है ,कोई अफवाह छपी है, कोई रहस्य खुल जाता है.4

उस समय के बाद से, इस “क्रूर साजिश” संयुक्त राज्य अमेरिका और अन्य पश्चिमी देशों की सरकारोमे घुस गया.  ये नेता एकीकृत नही होने पर भी, सामान्य मानव विवेकता के बिना सोचता है और काम करते है. ये हमारा मानना है. यही कारण से, वो लाखों और करोड़ जीवन को बलिदान करने केलिए तैयार हैं.  ये नेता, हजारों फिलीस्तीनियों एकसाथ वद करने के लिए, इसराइल को हथियारों उपलाबद किया है. अधिक लोगों कि ऊपर अधिकार चलाने के लिए अमेरिका के फेर्गुसन, मिस्सोरी तरह के जगह मे पुलिस को सैन्यीकरण किया है. वे अपनी राजनीतिक शक्ति को बढ़ाने के लिए, झूठ बोल्के, लाखों लोगों की लेने वाला युद्ध शुरू करते है. वो नीच है. 5, 6

JFK की तरह आप को भी सेना मे भूमिका है. इस कारण से, आप रूस और उसके लोगों की सेवा करने का कर्तव्य की भावना से बंधित है. ये प्रतीत हो रहा है कि, उसके जैसे आप परमाणु युद्ध का पागलपन मान्यता करके शांति की दिशा में खड़ा हो गया है. आप अमेरिकी साम्राज्य का समर्थन करने के लिए मना कर दिया और आप प्रत्यक्ष संघर्ष में उलझाने के बिना उन की शक्ति को कमजोर करने के लिए काम कर रहे हैं.  इसके बजाय रूस BRICS जैसे संगठनों के माध्यम से कई देशों के साथ घनिष्ठ संबंध विकसित की है, पुराने कर्ज माफ कर दिया और लोगों के हितों की सेवा लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अपने सहयोगियों के साथ काम किया है. आपका अंतरराष्ट्रीय भागीदारी का विचार एक “बहुध्रुवीय दृष्टिकोण” बुलाया गया है और यह सभी देशों के संसाधनों के लाभ के लिए नियंत्रित हैं, मगर अमेरिका के एकध्रुवीय, साम्राज्यवादी नीतियों हम लोगों का कीमत से शक्तिशाली कुछ की नियंत्रण केलिए बनाया गया हैं.

हम अपने नेता के लालच, नफरत और वासना को अस्वीकार करते है. स्वतंत्रता और आत्म रक्षा के नाम पर निर्दोष लाखों लोगों की हत्या से हम नाराज़ और भयभीत हैं. हम सभी लोगों के लिए शांति और न्याय चाहते हैं. JFK बातो की तरह, हम एक वास्तविक और स्थायी शांति चाहते हैं.

हम किस तरह की शांति का तलाश में हैं. अमेरिकी युद्ध हथियारों से बनाया गया पान अमेरिकाना दुनिया हम को नही चाहिए. कब्र का शांति, दास की सुरक्षा नही चाहिये.  प्रुध्वि पर श्रेय जीवन दिलाने, पुरुषों और राष्ट्रों का विकसित करने, अपने बच्चों के लिए एक बेहतर जीवन का निर्माण का आशा देने वाला वास्तविक शांति का हम बात कर रहा है- केवल अमेरिका के लिए नही, सभी पुरुषों और महिलाओं के लिए- न केवल हमारे समय की नही, सभी समय के लिए.8

जब तक “क्रूर साजिश” की छाया, संयुक्त राज्य अमेरिका और अन्य देशों को शासन करता है, तब तक सच्चा शांति और न्याय असंभव है. हम को गुलाम बनाने की तलाश मे रहने, सत्ता की भूख और क्रूर अपराधियों को, हमारे आपसी प्रयासों के माध्यम से पराजित करने का प्रार्थना करते हैं. हमारा प्रर्धना है कि, हम इस प्रुध्वि मे वास्तविक शांति को बढ़ावा देके और जिंदगी को श्रेय बन सके.

आपका विश्वासू,

  • Garth Abrahams - South Africa
  • Marcus Mariani - Australia
  • Aura Tussofi - Indonesia
  • Вадим Алаев - Israel
  • Joseph Haule - Tanzania
  • Marcel Wezenberg - Netherlands
  • Kelly Gilliam - United States
  • Kelly Gilliam - United States
  • KEVIN ROSS LIKINS - United States
  • erik meijer - Netherlands
  • Елена Е. - Russia
  • Helmut Christian Lang - Germany
  • Роман Корягин - Ukraine
  • Claudia Klenner - Germany
  • Hilmar Madsen - Norway
  • Sascha Van Benthum - Germany
  • Matthias Reckzeh - Germany
  • Juliet Bonnay - New Zealand
  • Michel Zöller - Germany
  • Daniel Seibel - Germany
  • Daniel Aydin - Germany
  • Branko Pavic - Germany
  • Анатолий Сандимиров - Russia
  • Pet Andemore - Sweden
  • Wolfgang Prominski - Germany
अभी तक 96,331 लोग यह पत्र पर दस्तख़त किया हैं.

 

आप भी पत्र पर दस्तख़त कर सकते हैं!


सन्दर्भ:
1. पुतिन ईमानदार है?: एक अमेरिका अंतरंगी सूत्र की रूसी राष्ट्रपति के चरित्र और अपने देश की परिवर्तन की अवलोकन
2. पुतिन दुनिया को युद्ध से बचाने के लिए कोशिश कर रहा हिया – पॉल क्रेग रॉबर्ट्स
3. BRICS विश्व बैंक पर हमले शुरू करने के लिए  पुतिन को #MH17 दुर्घटना का दोषी ठहराया
4. अमेरिकी विश्वविद्यालय में प्रारंभ भाषण 10 जून, 1963
5. राजनीतिक पोनेरोलॉगी:  एंड्रयू एम  द्वारा (राजनीतिक उद्देश्यों के लिए समायोजित बुराई की प्रकृति पर एक विज्ञान) – यांड्रू लोबाक्ज़ेवस्की
6. झटका सिद्धांत: आपदा पूंजीवाद का उदय – नाओमी क्लेन
7. ज्फ्क और अकथ्य: क्यों मर गया और उसका आवास्यकता
8. राष्ट्रपति और अख़बार प्रेस, 27 अप्रैल 1961
9. नेडरलॅंड से राष्ट्रपति पुतिन को एक खुला पत्र
10. NATO सिंड्रोम, यूरोपीय संघ के पूर्वी भागीदारी कार्यक्रम, और EAU
11. पुतिन दिखावा नहीं: जो लोग रूस यूक्रेन मे हार गया समझते है, उनको ये क्रीड़ा के बारे मे मालूम नही है
12. पुतिन: नई विश्व व्यवस्था के लिए यूक्रेन एक युद्ध भूमि है

pdficon_large DownLoad PDF(हिन्दी)

 

Share on Facebook
Share on Twitter
Share on Tumblr